Friday, July 1, 2022
Homeदेश-विदेशAgricultural laws के खिलाफ किसान बैठे भूख हड़ताल पर

Agricultural laws के खिलाफ किसान बैठे भूख हड़ताल पर

नई दिल्ली, सीएनए। कृषि कानूनों (Agricultural laws) के खिलाफ किसानों आंदोलन का आज 19वां दिन है। किसानों ने अपना प्रदर्शन तेज कर दिया है और आज वे भूख हड़ताल पर हैं। केंद्र सरकार चाहती है कि नए कृषि कानूनों (Agricultural laws) को लेकर गतिरोध बातचीत के माध्यम से खत्म किया जाए, लेकिन किसान इसकी वापसी की मांग पर अड़े हुए हैं।

तो वही, राजनीतिक दलों का सपोट भी किसान आंदोलन को मिलने लगा, इसी क्रम में दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल भी भूख हड़ताल पर बैठ गए है। हिंदी में एक ट्वीट में, एक मीडिया रिपोर्ट का हवाला देते हुए केजरीवाल ने कहा, कैप्टन जी शुरू से ही मैं किसानों के साथ खड़ा हूं।

मैंने केंद्र के साथ उनके लिए लड़ा और अब दिल्ली के स्टेडियमों को जेल नहीं बनने दिया। मैं किसानों की सेवा कर रहा हूं।’ इससे पहले, पंजाब के मुख्यमंत्री ने पंजाब में आम आदमी पार्टी (आप) के चुनावी एजेंडे को आगे बढ़ाने के लिए किसानों के चल रहे आंदोलन का फायदा उठाना का केजरीवाल पर आरोप लगाया था।

सरकार एमएसपी पर सभी को गुमराह कर रही

कृषि कानूनों (Agricultural laws) पर भारतीय किसान यूनियन (हरियाणा) के अध्यक्ष गुरनाम सिंह चादुनी ने कहा कि केंद्र उतनी ही मात्रा में फसल खरीदता रहेगा, जितना पहले खरीदता था। उनके लिए ‘एमएसपी पर खरीद’ का मतलब यही है। लेकिन हम अब उस पर जीवित नहीं रह सकते। केंद्र सभी राज्यों से एमएसपी पर फसल नहीं खरीद रहा है। सरकार एमएसपी पर सभी को गुमराह कर रही है। गृह मंत्री अमित शाह ने 8 दिसंबर की बैठक के दौरान हमसे कहा  कि वे एमएसपी में सभी 23 फसलों को नहीं खरीद सकते क्योंकि इसकी लागत 17 लाख करोड़ रुपये है।

इसे भी पढ़े- kisan andolan: मेरठ, हापुड़, नोएडा Toll Plaza पर कब्जा, कराया फ्री

भारतीय किसान यूनियन (एकता उग्रहण) के नेताओं, जिन्होंने पिछले सप्ताह जेलकर्मियों की रिहाई की मांग के लिए एक कार्यक्रम आयोजित किया था। उन्होंने सोमवार को पंजाब के 32 किसान यूनियनों द्वारा दी गई एक दिवसीय भूख हड़ताल से दूरी बनाने का फैसला किया है। बीकेयू एकता उग्रहण के पंजाब महासचिव सुखदेव सिंह ने समाचार एजेंसी पीटीआइ से कहा कि उग्रहण के नेता उपवास नहीं करेंगे।

बीकेयू (पंजाब) के जनरल सेक्रेटरी हरिंदर सिंह लखोवाल ने कहा कि हम सरकार को जगाना चाहते हैं। इसलिए, हमारे संयुक्त किसान मोर्चा के 40 किसान नेता आज सुबह 8 बजे से शाम 5 बजे के बीच दिल्ली की सभी सीमाओं पर भूख हड़ताल पर बैठेंगे। इनमें से 25 सिंघू बॉर्डर पर, 10 टिकरी बॉर्डर पर और 5 यूपी बॉर्डर पर बैठेंगे।

कुंडली बार्डर पर प्रदर्शन से क्षेत्र का व्यापार और खेती प्रभावित 

कुंडली बार्डर पर चल रहे किसानों के आंदोलन के कारण क्षेत्र का व्यापार और खेती प्रभावित हो रही है। व्यापारियों के साथ-साथ यहां सब्जी व अन्य नकदी फसलों की खेती करने वाले किसान भी परेशान हैं। इसको लेकर रविवार को क्षेत्र के किसान और प्रबुद्ध लोगों ने राई विश्राम गृह में बैठक की। बैठक की अध्यक्षता दहिया खाप के प्रधान सुरेंद्र दहिया ने की। बैठक में लोगों ने आंदोलन का विरोध नहीं किया, लेकिन उनका कहना था कि बार्डर पर इस तरह से धरना देने से कुंडली व आसपास के लोग पूरी तरह बंधक बनकर रह गए हैं। उन्होंने किसानों से यहां के लोगों की परेशानियों को समझने का अनुरोध करते हुए एक तरफ का रास्ता खोलने का अनुरोध किया।

ताजा खबरों के लिए क्लिक करें 

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Most Popular

Recent Comments

you're currently offline